कहानी
पहाड़ों में बसा एक क्लब, और एक योजना जो भारत से होकर जाती है
मध्य पुर्तगाल की पहाड़ियों में, देश के सबसे ऊँचे शहर में, 1,056 मीटर की ऊँचाई पर एक फ़ुटबॉल क्लब है। इसकी स्थापना 2019 में हुई। यह चौथे डिवीज़न में खेलता है। यह कोई सोया हुआ दिग्गज नहीं है, और न ही कोई इसे शान की ख़रीद कहेगा।
अगस्त 2026 में भारत के एक युवा उद्यमी ने इसकी फ़ुटबॉल कंपनी में बहुमत हिस्सेदारी ख़रीदी और मुख्य कार्यकारी की ज़िम्मेदारी संभाली। इससे पहले उन्होंने वर्षों यूरोपीय फ़ुटबॉल को भीतर से समझा — उसका ढाँचा, उसकी अकादमियाँ, और क्लब असल में चलते कैसे हैं — पहले ब्रुनेल यूनिवर्सिटी लंदन में बिज़नेस मैनेजमेंट की BSc करते हुए, फिर मैड्रिड के प्रतिष्ठित LaLiga Business School में ग्लोबल स्पोर्ट्स मार्केटिंग का मास्टर्स करते हुए।
वे चाहते तो किसी चमक-दमक भरे मौक़े के पीछे जा सकते थे। पर उन्होंने ऐसी जगह चुनी जहाँ उनके फ़ैसलों का असर सचमुच दिखे।
“मैं सबसे बड़े क्लब या सबसे चमकदार मौक़े की तलाश में नहीं था — मैं ऐसा प्रोजेक्ट ढूँढ़ रहा था जहाँ मैं सचमुच फ़र्क़ ला सकूँ, और वह मुझे गार्डा एफ़सी में मिला।”
जय अग्रवाल · खेल नाउ से बातचीत में, अगस्त 2026खेल नाउ — भारत का अग्रणी डिजिटल स्पोर्ट्स मीडिया प्लेटफ़ॉर्म, भारतीय और अंतरराष्ट्रीय फ़ुटबॉल की व्यापक कवरेज के साथ।
इस सौदे की ख़बर भारतीय मीडिया तक पहुँचने से तीन दिन पहले ही, उनके क्लब ने सीज़न की पहली ट्रॉफ़ी जीत ली थी।











